सर्दियों का मौसम शुरू हो गया है. इस दौरान कुछ लोगों को सुबह उठते ही खांसी आने लगती है. कुछ लोगों को खराश और बलगम भी आने लगता है. मौसम में हवा सूखी होने के कारण और एलर्जी बढ़ने के कारण ऐसा होता है. ये खांसी आमतौर पर गंभीर नहीं होती है और न ही बड़ी बीमारी का लक्षण होती है, हालांकि अगर ये दो सप्ताह से ज्यादा बनी रहती है तो डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए. अगर खांसी हल्की है तो आप डॉक्टरों के बताई इन टिप्स को भी फॉलो कर सकते हैं.
दिल्ली के मूलचंद मेडसिटी अस्पताल में पल्मोनोलॉजी विभाग में डॉ. भगवान मंत्री बताते हैं कि खांसी एलर्जी या बैक्टीरिया किसी भी कारण से हो सकती है. सर्दियों में गर्मियों की तुलना में एलर्जी की समस्या बढ़ जाती है. हालांकि कुछ तरीकों को अपनाकर खांसी से राहत मिल सकती है. इसके लिए सबसे जरूरी है कि सर्दियों में सुबह उठकर आप गुनगुना पानी पीना शुरू करें. ऐसा इसलिए क्योंकि सर्दियों में लोग कम पानी पीते हैं. इससे शरीर डिहाइड्रेट होने लगता है. सुबह खाली पेट एक गिलास गुनगुना पानी पीने से गले की सूखापन कम होता है. इससे सांस की नली को भी आराम मिलता है और गले की गंदगी निकल जाती है. इससे खांसी के लक्षणों में आराम मिलता है.
अदरक और शहदडॉ मंत्री बताते हैं कि एक साल से छोटे बच्चे के अलावा अदरक और शहद कोई भी खा सकता है. ये खांसी से राहत दिलाने के लिए काफी कारगर उपाय है. अगर खांसी सूखी है तोएक चम्मच कसा हुआ अदरक और एक चम्मच शहद मिलाकर रात में सोने से पहले लेना शुरू करें. यह सुबह की खांसी को काफी कम कर देता है. इससे खांसी से काफी हद तक आराम मिल जाता है.
भांप है काफी फायदेमंददिल्ली सरकार में चीफ आयुर्वेदिक ऑफिसर डॉ. आरपी पराशर बताते हैं कि खांसी से राहत दिलाने में भांप काफी फायदेमंद है. ये एक ऐसा नुस्खा है तो खांसी को कम करने में मदद करता है. रात को सोने से पहले भांप लेने से आपका रिस्पिरेटरी ट्रेक्ट साफ होता है और खांसी से राहत मिलती है.
रात का खाना हल्का खाएंडॉ. पराशर बताते हैं कि खाना खाने का भी एक संबंध खांसी से है. देर रात अगर आप भारी खाना खाते हैं तो इससे एसिडिटी बढ़ती है, जिससे रात में एसिड रिफ्लक्स होने का रिस्क रहता है. ऐसे में कोशिश करें कि रात को सोने से कम से कम 2 घंटा पहले खाना खाएं.
डॉ पराशर और डॉ मंत्री दोनों का कहना है कि इन नुस्खों को असर अगर शुरुआत में हो गया तो ठीक अगर नहीं होता है तो फिर आप खांसी के लिए डॉक्टरों से सलाह लें. खुद से कोई सिरप या दवा न लें.