आज काशी की गलियां ‘जो बोले सो निर्भय’ के जयकारों से गूंज उठीं। अवसर है गुरु रविदास जी महाराज की जयंती का, जिसे मनाने के लिए देश-विदेश से भक्तों का हुजूम उमड़ पड़ा है। वाराणसी के सीर गोवर्धनपुर स्थित उनकी जन्मस्थली पर सुबह से ही श्रद्धालुओं का तांता लगा हुआ है। सबसे ज्यादा रौनक पंजाब से आए संगत की देखने को मिल रही है, जिनकी श्रद्धा और समर्पण ने हर किसी का ध्यान अपनी ओर खींच लिया।
भक्ति का अनोखा नजारा: डॉलरों की माला और लाखों का दानइस पावन अवसर पर आस्था का एक अद्भुत स्वरूप देखने को मिला। पंजाब से आए एक श्रद्धालु ने गुरु रविदास जी के चरणों में 20 लाख रुपये की भारी-भरकम राशि दान स्वरूप भेंट की। इतना ही नहीं, श्रद्धा का आलम यह था कि एक अन्य भक्त ने गुरु महाराज की प्रतिमा को डॉलरों से बनी माला पहनाई। श्रद्धालुओं का कहना है कि गुरु जी के आशीर्वाद से उनके जीवन में जो समृद्धि आई है, यह उसी के प्रति एक छोटा सा धन्यवाद है।
चार्टर्ड प्लेन से काशी पहुंचे रईस श्रद्धालुगुरु रविदास जयंती के इस पर्व पर काशी में वीआईपी मूवमेंट भी काफी तेज रहा। आस्था ऐसी कि दूरी और साधन मायने नहीं रखते; पंजाब से कई बड़े श्रद्धालु और रईस परिवार विशेष रूप से चार्टर्ड प्लेन बुक करके वाराणसी पहुंचे। बाबतपुर एयरपोर्ट से लेकर सीर गोवर्धनपुर तक सिर्फ और सिर्फ गुरु के भक्तों का ही नजारा था। हर तरफ लंगर और सेवा का दौर चल रहा है, जिससे पूरी काशी नगरी गुरुमयी हो गई है।