जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने शुक्रवार को विधानसभा में 2026-27 के लिए 1.27 लाख करोड़ रुपये का बजट पेश किया। उन्होंने बजजट में कक्षा 9 से कॉलेज तक के छात्रों के लिए पूरी फीस माफ और योग्य परिवारों के लिए मुफ्त एलपीजी सिलेंडर दिए जाने का ऐलान किया। उन्होंने कहा कि इस वित्तीय योजना का मकसद केंद्र शासित प्रदेश में स्थायी विकास, सामाजिक सद्भाव और आर्थिक समृद्धि के लिए एक मजबूत नींव रखना है।
मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने अपने बजट भाषण में जम्मू-कश्मीर में दो आयुष अस्पताल की घोषणा की। राजौरी, बारामूला और डोडा में कैथ लैब और उरी और पुंछ में इमरजेंसी अस्पताल खोले जाएंगे। इसके साथ ही एम्स कश्मीर 2026 में शुरू किए जाने का ऐलान किया गया। सीमावर्ती जिलों के लिए बुलेट प्रूफ एम्बुलेंस सेवा भी शुरू होगी। उन्होंने कहा कि 554 स्कूलों में वोकेशनल एजुकेशन की शुरुआत की जाएगी। उन्होंने लक्ष्य रखा कि 200 नई ई-बसें चलाई जाएंगी। नए कल्चरल सेंटर बनाए जाएंगे।
उन्होंने बजट पेश करते हुए कहा कि रिसर्च, एंटरप्रेन्योरशिप और हाई-एंड साइंटिफिक नौकरियों को बढ़ावा देने के लिए कठुआ और हंदवाड़ा बायोटेक पार्क को फिर से शुरू किया जाएगा। किसानों के लिए सोलर पंप, सोलर से चलने वाली सरकारी इमारतें, छोटे हाइड्रो प्रोजेक्ट और आदिवासी इलाकों में सोलर गांव बनाए जाएंगे। उमर अब्दुल्ला ने घोषणा की कि सुरक्षा, पहुंच और तीर्थयात्रियों के अनुभव को बेहतर बनाने के लिए श्री अमरनाथ जी यात्रा के बुनियादी ढांचे का आधुनिकीकरण किया जाएगा।
उन्होंने बजट में कक्षा 9 से कॉलेज तक के छात्रों के लिए पूरी फीस माफ और योग्य परिवारों के लिए मुफ्त एलपीजी सिलेंडर दिए जाने का ऐलान किया। इसके साथ ही, अनाथ बच्चों की शिक्षा और रहने की जरूरतों को पूरा करने के लिए मासिक स्पॉन्सरशिप सहायता मिलेगी। आदिवासी छात्रों के लिए स्कॉलरशिप और आदिवासी आजीविका के लिए सहायता दी जाएगी। उन्होंने कहा कि सरकारी छूट का लाभ उठाने वाले उद्योगों में स्थानीय युवाओं को प्राथमिकता के आधार पर नौकरी दी जाएगी।
उमर अब्दुल्ला ने कहा कि उनकी सरकार निवेश, इनोवेशन और भागीदारी वाली शासन व्यवस्था को बढ़ावा देकर केंद्र शासित प्रदेश को एक आधुनिक, प्रगतिशील और आर्थिक रूप से जीवंत क्षेत्र में बदलने के लिए प्रतिबद्ध है। बजट को विकास का रोडमैप बताते हुए उमर अब्दुल्ला ने कहा, "यह बजट सिर्फ आंकड़ों का लेखा-जोखा नहीं है, यह एक वित्तीय दिशा-निर्देशक है जो हमें एक उज्जवल भविष्य की ओर ले जाता है। यह स्थायी आर्थिक विकास, सामाजिक सद्भाव और स्थायी समृद्धि के लिए मजबूत नींव रखता है।"