Shami in Hyderabad: टीम इंडिया से दूर चल रहे मोहम्मद शमी ने घरेलू क्रिकेट में रेड बॉल से अपनी खूब छाप छोड़ी. अब वो IPL में व्हाइट बॉल से भी कहर ढा रहे हैं. शमी की अगुवाई में ये LSG की गेंदबाजी की ताकत ही रही, जिसने सनराइजर्स हैदराबाद के बल्लेबाजों को ज्यादा बड़े स्कोर तक पहुंचने से रोक दिया. नतीजा, ये हुआ कि LSG ने मुकाबला जीत लिया. लखनऊ सुपर जायंट्स की जीत के हीरो शमी बने, जिसकी स्क्रिप्ट लिखने के दौरान उन्होंने 357 दिन से माथे पर चढ़ा एक बोझ उतारा. बड़ी बात ये है कि जिस हैदराबाद में वो बोझ शमी के माथे पर चढ़ा था, उन्होंने वहीं उसे उतारा भी.
अब सवाल है कि वो बोझ क्या था, जिसे शमी पिछले 357 दिन से ढो रहे थे? इसका जवाब है 12 अप्रैल 2025 को हैदराबाद में उड़ी उनकी हवाईयां. गेंदबाजी में उनकी हुई पिटाई, जिससे IPL में वो अपने सबसे खराब रिकॉर्ड से दो चार हुए थे. हालांकि, तब IPL 2026 की तरह मोहम्मद शमी लखनऊ सुपर जायंट्स का हिस्सा नहीं थे. पिछले सीजन में वो पंजाब किंग्स से खेले थे.
पिछले सीजन 12 अप्रैल 2025 को सनराइजर्स हैदराबाद के खिलाफ खेले मुकाबले में मोहम्मद शमी ने पंजाब किंग्स की तरफ से 4 ओवर में 18.75 की इकॉनमी से 75 रन लुटाए थे, जो कि IPL में उनका सबसे खराब बॉलिंग फीगर है.
लेकिन, उसके 357 दिन बाद यानी 358वें दिन पर शमी फिर से उसी हैदराबाद में, उसी विरोधी के खिलाफ खेलते हुए मोहम्मद शमी ने IPL में गेंदबाजी का अपना सबसे बेहतरीन रिकॉर्ड बनाया. उन्होंने इस बार लखनऊ सुपर जायंट्स की जर्सी में खेलते हुए सनराइजर्स हैदराबाद के खिलाफ 4 ओवर में 9 रन देकर 2 विकेट लिए. इस दौरान उनकी इकॉनमी 2.25 की रही. शमी का ये प्रदर्शन IPL में उनका बेस्ट रहा. इस तरह शमी ने अपने सिर से खराब रिकॉर्ड के बोझ को उतारा और अपने फैंस को खुश होने का मौका दिया.