Ajit Agarkar: टीम इंडिया के चीफ सेलेक्टर के तौर पर अजीत अगरकर का कार्यकाल इस साल जून में खत्म हो रहा है. लेकिन, खत्म होने से पहले ही अब उनके कार्यकाल के बढ़ने की खबरें सामने आ गई है. इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक अजीत अगरकर के कार्यकाल को एक साल के लिए और बढ़ा दिया गया है. वो अब जून 2027 तक चीफ सेलेक्टर बने रहेंगे. हालांकि, इसे लेकर भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड की ओर से अभी तक कुछ भी आधिकारिक नहीं हुआ है.
किन वजहों से बढ़ने वाला है अगरकर का कार्यकाल?अब सवाल है कि BCCI ने अजीत अगरकर के कार्यकाल को बढ़ाने का फैसला क्यों किया ? क्यों बोर्ड और 12 महीने उन्हें देने की सोच रही है? इसके पीछे की 3 बड़ी वजह है. पहला, वनडे वर्ल्ड कप 2027 जीतने पर फोकस. दूसरा, बतौर चीफ सेलेक्टर अजीत अगरकर की उपलब्धियां और तीसरा, अगरकर के फैसले लेने की क्षमता.
ODI वर्ल्ड कप पर फोकसवनडे वर्ल्ड कप 2027 में ज्यादा समय नहीं बचा है. ऐसे में उसे लेकर सॉलिड टीम बनाना पहली जिम्मेदारी होती है. इसे लेकर बोर्ड किसी नए को टीम के सेलेक्शन की कमान सौंपने से बेहतर अजीत अगरकर के कार्यकाल को बढ़ाने के बारे में सोच रही है.
अजीत अगरकर की बेमिसाल उपलब्धियांबतौर चीफ सेलेक्टर अजीत अगरकर की उपलब्धियां भी कमाल की रही हैं. उनके चीफ सेलेक्टर रहते भारत ने 3 ICC खिताब जीते हैं, जिसमें 2024 और 2026 के T20 वर्ल्ड कप के अलावा 2025 की चैंपियंस ट्रॉफी शामिल है. अगरकर की यही कामयाबी अब उनके कार्यकाल के बढ़ने की वजह बनती दिख रही है.
अगरकर के कड़े और अहम फैसले लेने की क्षमताअजीत अगरकर ने बतौर चीफ सेलेक्टर उपलब्धियां हासिल की तो कुछ कड़े और अहम फैसले भी किए, जिसका पॉजिटिव असर टीम इंडिया पर हुआ. BCCI के एक बड़े अधिकारी ने इंडियन एक्सप्रेस को बताया कि अजीत अगरकर के कार्यकाल में टीम में बदलाव का दौर काफी सहज रहा. उन्होंने कई बोल्ड डिसीजन लिए. अगरकर की उन्हीं खासियतों को देखते हुए बोर्ड को लगता है कि उन्हें अपना काम आगे भी जारी रखना चाहिए.
कार्यकाल बढ़ा तो आगे बड़ा सवाल क्या?जून 2023 से टीम इंडिया के चीफ सेलेक्टर के पद पर बने अजीत अगरकर के सामने कार्यकाल बढ़ने पर फिर से कई बड़े सवाल होंगे. और सबसे बड़ा सवाल होगा रोहित-विराट के वनडे वर्ल्ड कप 2027 में खेलने को लेकर?