Prasad Hospital Action: बिहार के मुजफ्फरपुर जिले में स्थित प्रसाद अस्पताल की बड़ी लापरवाही के चलते छह लोगों की दम घुटने से मौत हो गई. अब इस मामले में शासन-प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए अस्पताल का लाइसेंस रद्द कर दिया है. घटना के बाद मृतकों के परिजन में काफी गुस्सा देखने को मिल रहा है. उन्होंने अस्पताल प्रबंधन पर सख्त कार्रवाई की मांग की है.
जानकारी के अनुसार, मुजफ्फरपुर के प्रसाद अस्पताल में गुरुवार को शॉर्ट सर्किट आग लग गई थी. इस दौरान ICU में काफी ज्यादा धुआं भर गया. आरोप है कि घटना के दौरान अस्पताल कर्मी मरीजों को असहाय छोड़कर भाग गए, जिससे पांच मरीजों की दम घुटने से दर्दनाक मौत हो गई. एक अन्य व्यक्ति ने शुक्रवार को स्वास्थ्य केंद्र में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया. घटना के बाद लोगों में भारी गुस्सा देखा गया.
अस्पताल का लाइसेंस रद्दजानकारी देते हुए मुजफ्फरपुर के जिला जनसंपर्क अधिकारी प्रमोद कुमार ने बताया कि अस्पताल प्रबंधन की सुरक्षा मानकों की अनदेखी और लापरवाही को देखते हुए मुजफ्फरपुर के सिविल सर्जन ने प्रसाद अस्पताल का पंजीकरण तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है. इतना ही नहीं, सिविल सर्जन ने 7 दिनों के अंदर जरूरी कागजातों और सबूतों के साथ मामले में स्पष्टीकरण देने का निर्देश दिया है.
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अब तक 6 की मौतपुलिस ने इस मामले में कार्रवाई करते हुए अस्पताल के तीन कर्मचारियों को गिरफ्तार किया है. फायर बिग्रेड विभाग के महानिदेशक शोभा आहोटकर ने बताया कि प्रसाद अस्पताल के ICU में सभी मरीजों की मौत दम घुटने से हुई. किसी भी मृतक के शरीर पर जलने का कोई निशान नहीं था. बता दें कि प्रसाद अस्पताल में आग गुरुवार तड़के लगी थी. हादसे में 6 लोगों की मौत हो गई, जबकि करीब 31 लोग घायल हो गए.
5वीं मंजिल पर स्थित ICU में लगी आग ने देखते ही पूरी मंजिल को अपनी चपेट में ले लिया था. इस दौरान लिफ्ट बंद हो गई थी. इमरजेंसी सीढ़ियां पर ताला जड़ा था.