फुटबॉल प्रेमियों के लिए FIFA वर्ल्ड कप 2026 का इंतजार खत्म होने वाला है, क्योंकि यह महाकुंभ 11 जून से शुरू होगा और 39 दिनों तक चलेगा। इस बार अमेरिका, कनाडा और मैक्सिको मिलकर इस टूर्नामेंट की मेज़बानी करेंगे। यह पहली बार है जब वर्ल्ड कप तीन देशों में आयोजित किया जा रहा है, जबकि इससे पहले 2002 में जापान और दक्षिण कोरिया ने संयुक्त रूप से इसकी मेज़बानी की थी।
इस बार 48 टीमें इस प्रतियोगिता में भाग लेंगी, जबकि 1998 से पहले केवल 32 टीमें ही शामिल होती थीं। कुल 104 मैच 16 विभिन्न शहरों में खेले जाएंगे, जिससे यह वर्ल्ड कप का सबसे बड़ा संस्करण बन जाएगा। अमेरिका में 11 स्थानों पर मैच होंगे, जबकि मैक्सिको और कनाडा में क्रमशः 3 और 2 स्थानों पर मैच आयोजित किए जाएंगे।
48 टीमों को 12 समूहों में बांटा गया है। प्रत्येक समूह की शीर्ष दो टीमें नॉकआउट राउंड में पहुंचेंगी, साथ ही तीसरे स्थान पर रहने वाली 8 सर्वश्रेष्ठ टीमों को भी नॉकआउट स्टेज में जगह मिलेगी। इसके बाद राउंड ऑफ 32, राउंड ऑफ 16, क्वार्टर-फाइनल, सेमीफाइनल और फाइनल के मुकाबले होंगे। सेमीफाइनल 14 और 15 जुलाई को होंगे, जबकि फाइनल 19 जुलाई को खेला जाएगा।
इस बार वर्ल्ड कप में चार नई टीमें शामिल होंगी: केप वर्ड, कुराकाओ, जॉर्डन और उज्बेकिस्तान। ये टीमें पहली बार इस महाकुंभ में भाग ले रही हैं, जिससे कुल भाग लेने वाले देशों की संख्या 84 हो जाएगी।
पुर्तगाल के क्रिस्टियानो रोनाल्डो इस वर्ल्ड कप में सबसे अनुभवी खिलाड़ी होंगे, जिन्होंने 226 अंतरराष्ट्रीय मैच खेले हैं। यह उनका छठा वर्ल्ड कप है। वहीं, अर्जेंटीना के लियोनेल मेसी भी छठी बार इस प्रतियोगिता में भाग लेंगे। सबसे उम्रदराज खिलाड़ी स्कॉटलैंड के गोलकीपर क्रेग गॉर्डन होंगे, जिनकी उम्र पहले दिन 43 साल और 162 दिन होगी। दूसरी ओर, मैक्सिको के गिल्बर्ट मोरा सबसे युवा खिलाड़ी होंगे, जिनकी उम्र 17 साल और 240 दिन होगी।
FIFA वर्ल्ड कप के 96 साल के इतिहास में अब तक केवल 8 देशों ने खिताब जीते हैं। ब्राजील ने सबसे अधिक 5 बार ट्रॉफी अपने नाम की है। इटली और ब्राजील दो ऐसे देश हैं जिन्होंने अपने खिताब का सफलतापूर्वक बचाव किया है। अब देखना यह है कि क्या अर्जेंटीना यह उपलब्धि हासिल कर पाएगा।
भारत में फुटबॉल वर्ल्ड कप के मैचों का प्रसारण ZEE के नए चैनल Unite8 Sports पर होगा। भारतीय दर्शक ZEE5 ऐप पर वर्ल्ड कप की लाइव स्ट्रीमिंग देख सकेंगे, लेकिन उन्हें देर रात जागकर मैच देखने की तैयारी करनी होगी, क्योंकि मेज़बान देशों और भारत के बीच समय का अंतर है।