पटना के बांकीपुर विधानसभा सीट पर उपचुनाव के लिए बीजेपी ने भी अपने उम्मीदवार का ऐलान कर दिया है. पार्टी ने अपने राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन की के ही करीबी अभिषेक कुमार को यहां से प्रत्याशी घोषित किया है. वहीं, राजद ने इस सीट अपनी पिछली बार की उम्मीदवार रेखा गुप्ता को टिकट दिया है. इसके अलावा जनसुराज ने अपने संस्थापक प्रशांत किशोर को इस सीट से उम्मीदवार घोषित कर मामले को हाई प्रोफाइल बना दिया है.
बीजेपी अभिषेक कुमार को क्या बांकीपुर सीट से उताराअभिषेक कुमार कायस्थ समाज से आते हैं. बांकीपुर सीट पर भी कायस्थ मतदाताओं का प्रभाव काफी ज्यादा माना जाता है. यहां तकरीबन 14 फीसदी कायस्थ वोटर हैं. ये मतदाता जिसकी तरफ रुख करते हैं, उस प्रत्याशी की जीत की संभावना काफी हद तक बढ़ जाती है. बीजेपी ने इसीलिए अभिषेक कुमार को बांकीपुर से टिकट देकर युवाओं के साथ-साथ कायस्थ मतदाताओं को भी स्पष्ट राजनीतिक संदेश देने की कोशिश कर इस सीट पर होने वाले उपचुनाव के नतीजे अपने पक्ष में करना चाह रही है.
अभिषेक कुमार पटना के बोरिंग रोड क्षेत्र के रहने वाले हैं. उन्होंने भाजपा में मंडल अध्यक्ष से अपनी राजनीतिक यात्रा शुरू की और बाद में भाजयुमो के प्रदेश उपाध्यक्ष तक पहुंचे. उनके जरिए बीजेपी वोटरों के बीच यह संदेश देना चाहती है कि पार्टी ने एक बार फिर साधारण और युवा कार्यकर्ता पर भरोसा जताते हुए उससे एक हाई प्रोफाइल सीट पर अपना उम्मीदवार बनाया है.
राजद ने रेखा गुप्ता को क्यों टिकट दिया?राजद की उम्मीदवार रेखा गुप्ता वैश्य समाज की तेली जाति से आती हैं. बांकीपुर विधानसभा सीट को परंपरागत रूप से कायस्थ बहुल माना जाता है, लेकिन यहां वैश्य मतदाताओं की भी अच्छी-खासी संख्या है. बांकीपुर में विधानसभा क्षेत्र में वैश्य मतदाताओं की संख्या लगभग 9% है. इसके अलावा पिछले विधानसभा चुनाव में रेखा गुप्ता का प्रदर्शन भी अच्छा रहा था. वह दूसरे स्थान पर रही थीं. ऐसे में राजद ने उनपर दांव लगाया.
2025 के बिहार विधानसभा चुनाव में रेखा कुमारी गुप्ता को कांग्रेस की तरफ से प्रबल दावेदार माना जा रहा था.लेकिन महागठबंधन में समझौते के तहत ये सीट राजद को चली गईं. फिर रेखा कुमारी गुप्ता ने कांग्रेस का इस्तीफा देकर राष्ट्रीय जनता दल (RJD) की सदस्यता ले ली. इसके बाद खुद पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी ने खुद 10 सर्कुलर रोड बुलाकर राजद का सिंबल दे दिया.
जनसुराज भी पहली चुनावी सफलता पाने की कोशिश मेंबांकीपुर सर्वण बाहुल्य क्षेत्र माना जाता है. यहां भूमिहार 7 फीसदी, ब्राह्मण 7 फीसदी और राजपुत 5 फीसदी हैं. प्रशांत किशोर की भी नजर भी इसी पर है. इसके अलावा यहां अनुसूचित जाति (SC) के मतदाताओं की संख्या 8.04%. हैं. प्रशांत वोटों के गठजोड़ के जरिए बांकीपुर के उपचुनाव के जरिए राजनीति में पहली सफलता को पाने की कोशिश में हैं. फिलहाल, बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन का यहां से विधायक रहने और प्रशांत किशोर के भी मैदान में उतरने से इस सीट का मुकाबला बेद रोचक हो गया है.