इंटरनेट डेस्क। भारत और ब्रिटेन के बीच हुआ कॉम्प्रिहेंसिव इकोनॉमिक एंड ट्रेड एग्रीमेंट यानी सीईटीए 15 जुलाई यानी के आज से लागू हो रहा है। करीब 11 महीने पहले दोनों देशों ने इस समझौते पर हस्ताक्षर किए थे, अब सभी औपचारिकताएं पूरी होने के बाद यह अमल में आया है। सरकार इसे भारत की सबसे बड़ी और सबसे व्यापक ट्रेड डील बता रही है, इसका मकसद भारतीय कंपनियों को ब्रिटेन जैसे बड़े विकसित बाजार तक आसान पहुंच देना, निर्यात बढ़ाना और दोनों देशों के बीच कारोबार को नई रफ्तार देना है।
99 प्रतिशत सामान पर इंपोर्ट ड्यूटी खत्म
मीडिया रिपोटर्स की माने तो इस समझौते के लागू होते ही भारत से ब्रिटेन भेजे जाने वाले करीब 99 प्रतिशत सामान पर इंपोर्ट ड्यूटी खत्म हो जाएगी। यानी भारतीय कंपनियां अपना सामान पहले के मुकाबले कम कीमत पर बेच सकेंगी और ब्रिटेन के बाजार में उनकी प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी।
इन सेक्टरों को मिलेगा फायदा?
कपड़ा
रेडीमेड गारमेंट
चमड़ा
जूते
जेम्स एंड ज्वेलरी
इंजीनियरिंग सामान
ऑटो पार्ट्स
दवाइयां
केमिकल
प्रोसेस्ड फूड
मरीन प्रोडक्ट्स
खिलौने
और स्पोर्ट्स गुड्स जैसे सेक्टरों को मिलेगा
भारत के लिए यह समझौता इसलिए भी अहम है, क्योंकि ब्रिटेन दुनिया की बड़ी अर्थव्यवस्थाओं में शामिल है। दोनों देशों के बीच अभी करीब 56 अरब डॉलर (माल और सेवाओं सहित) का सालाना कारोबार होता है। इसमें सिर्फ वस्तुओं का व्यापार करीब 23 अरब डॉलर का है। अब लक्ष्य 2030 तक इस कारोबार को दोगुना करने का है।
pc- bhaskarhindi.com