'द न्यूज मिल' की रिपोर्ट के अनुसार, हरारे स्पोर्ट्स क्लब में खेले गए श्रृंखला के पहले टी20I मुकाबले में भारतीय टीम ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया और जिम्बाब्वे को केवल 125/7 पर रोक दिया। शीर्ष क्रम के सस्ते में आउट होने के बाद, जिम्बाब्वे को अपने अनुभवी ऑलराउंडर रायन बर्ल से एक मजबूत फिनिशिंग पारी की उम्मीद थी, लेकिन वे भारतीय गेंदबाजों के जाल में उलझ गए।
रायन बर्ल, जो अपनी आक्रामक पावर-हिटिंग और स्पिनरों के खिलाफ बड़े शॉट्स लगाने के लिए जाने जाते हैं, भारतीय स्पिनरों और तेज गेंदबाजों के अनुशासित स्पेल के कारण खुलकर खेलने में पूरी तरह असमर्थ रहे। भारतीय गेंदबाजों ने बर्ल को कोई ढीली गेंद नहीं दी और रन गति को लगातार थामे रखा।
बर्ल और अन्य मध्यक्रम के बल्लेबाजों की इस नाकामी के चलते जिम्बाब्वे की टीम एक चुनौतीपूर्ण स्कोर बनाने से चूक गई। भारतीय गेंदबाजी आक्रमण के आगे जिम्बाब्वे का बल्लेबाजी क्रम बिखर गया, जिससे भारत को श्रृंखला में 1-0 की बढ़त बनाने के लिए एक आसान लक्ष्य मिला।