4 साल की उम्र में एक बच्ची गायब हो गई। माता-पिता ने उसे खोजने की खूब कोशिश की लेकिन कहीं कुछ पता नहीं चल पाया। कुछ साल बाद बच्ची के ना मिलने पर माता-पिता ने भी उसे खोजना बंद कर दिया। करीब 38 साल बाद एक बिना कपड़ों वाली महिला जंगल से बाहर निकलती दिखाई दी। बाद में पता चला कि ये तो वही बच्ची है, जो चार साल की उम्र में गायब हो गई थी। आइये जानते हैं भारत के मिजोरम में हुई इस अजीब घटना के बारे में।
— Avinash Tiwari (@TaviJournalist)
धीरे-धीरे वह लोगों के बीच आने-जाने लगी। इसी बीच वह इंसानों की तरह कपड़े पहनने लगी लेकिन लोगों से कोई बात नहीं करती थी। इधर 38 साल पहले जिस पिता की बच्ची गायब हुई थी, उन्हें इस महिला के बारे में जानकारी मिली तो उन्होंने घर का सामान बेचकर महिला से मिलने का फैसला किया। छह लोगों के साथ पिता तीन दिन तक पैदल चलकर आखिरकार बॉर्डर तक पहुंचे और उस जगह गए, जहां बच्ची रह रही थी।
पिता की उम्र करीब 62 साल हो चुकी थी, जिनका नाम खैला था। उन्होंने बताया कि जब उसने पहली बार मुझे देखा तो नजरअंदाज कर दिया। लेकिन मुझे अजीब सा अहसास हुआ कि यह मेरी बहुत समय से खोई हुई बेटी ही है। महिला के बाएं गाल और दाहिनी जांघ पर दो तिल भी थे, इससे खैला को भरोसा हो गया कि ये उनकी ही बेटी है। बुजुर्ग माता-पिता एनजी खैला और एनजी नगोला ने कभी नहीं सोचा था कि वे उसे फिर से देख पाएंगे।
4 साल की उम्र में गायब हुई बच्ची 38 साल की उम्र में मिली, जिसका नाम छैदी रख गया था। 42 साल की हो गई थी लेकिन हरकतें एक छोटे बच्चे की तरह ही थीं। वह लोगों के साथ घुल मिल रही थी लेकिन वह कुछ ही शब्द बोलती थी, जिसका मतलब चंद लोग ही समझते थे। वह परिवार के पास लौट आई और माता-पिता के साथ जीवन बिता रही है। इस तरह करीब 38 साल तक जंगल में रहने के बाद 4 साल की उम्र में गायब हुई बच्ची साल 2012 में अपने घर वापस लौटी।