आजकल सोशल मीडिया और खबरों में एक विदेशी युवती की चर्चा जोरों पर है। इटली की रहने वाली 22 साल की लुक्रेशिया ने वह कर दिखाया है, जिसकी कल्पना शायद उनके परिवार ने भी नहीं की थी। लुक्रेशिया ने पश्चिमी चकाचौंध को छोड़कर भारतीय संस्कृति और सनातन धर्म को अपना लिया है। वह न सिर्फ भारत आई हैं, बल्कि यहाँ की परंपराओं को पूरी तरह अपने जीवन में उतार चुकी हैं। उनका कहना है कि उन्हें जो मानसिक शांति यहाँ मिली है, वह दुनिया के किसी और कोने में नहीं मिल सकती थी।
सनातन धर्म अपनाने की वजह
लुक्रेशिया बताती हैं कि उनकी उम्र महज 22 साल है, लेकिन उनकी रुचि आध्यात्मिक विषयों में बचपन से ही थी। इटली में रहते हुए उन्होंने कई धर्मों और विचारधाराओं के बारे में पढ़ा, लेकिन जब उन्होंने सनातन धर्म के बारे में जानना शुरू किया, तो उन्हें लगा जैसे उनकी खोज खत्म हो गई है। उनके अनुसार, हिंदू धर्म की गहराई और यहाँ के जीवन दर्शन ने उन्हें बहुत प्रभावित किया। इसी खिंचाव के चलते उन्होंने सनातन धर्म अपनाने का बड़ा फैसला लिया।
मंत्रों और साधना में डूबा जीवन
अब लुक्रेशिया का जीवन पूरी तरह बदल चुका है। वह केवल नाम की सनातनी नहीं हैं, बल्कि वे बाकायदा संस्कृत के मंत्रों का अभ्यास कर रही हैं। वे रोज सुबह उठकर पूजा-पाठ करती हैं और भारतीय वेशभूषा में ही नजर आती हैं। लुक्रेशिया का कहना है कि मंत्रों के उच्चारण से उन्हें एक अलग ही सकारात्मक ऊर्जा महसूस होती है। वे अब अपनी साधना को और गहरा करने के लिए गुरुओं के मार्गदर्शन में योग और ध्यान की बारीकियां भी सीख रही हैं।
भारत को बताया अपना असली घर
लुक्रेशिया के लिए भारत अब सिर्फ एक घूमने की जगह नहीं, बल्कि उनका घर बन चुका है। वह यहाँ की परंपराओं, त्योहारों और लोगों के व्यवहार से बहुत खुश हैं। उनका मानना है कि सनातन धर्म दुनिया को प्रेम और शांति का संदेश देता है। सोशल मीडिया पर भी लोग उनकी इस हिम्मत और भक्ति की जमकर तारीफ कर रहे हैं। कई लोगों का कहना है कि लुक्रेशिया उन युवाओं के लिए प्रेरणा हैं जो अपनी जड़ों से दूर जा रहे हैं।