उत्तर प्रदेश में 7 राजमार्गों पर नए प्रवेश द्वार, संस्कृति और आधुनिकता का संगम
Indiatimes February 02, 2026 07:43 PM

उत्तर प्रदेश सरकार ने राज्य के सात प्रमुख राजमार्गों पर आइकॉनिक प्रवेश द्वार बनाने की योजना को मंजूरी दे दी है। इन प्रवेश द्वारों का उद्देश्य न केवल यात्रियों के लिए सुविधाजनक अनुभव प्रदान करना है, बल्कि राज्य की समृद्ध सांस्कृतिक पहचान को भी उजागर करना है।

प्रत्येक प्रवेश द्वार को राज्य की विशिष्ट सांस्कृतिक धरोहर और स्थानीय प्रतीकों के अनुरूप डिजाइन किया जाएगा। उदाहरण के लिए, प्रयागराज रोड पर बनने वाला “संगम द्वार” और कानपुर रोड का “शौर्य द्वार” राज्य की ऐतिहासिक और सांस्कृतिक कहानियों को दर्शाएंगे। इन द्वारों में आधुनिक सार्वजनिक सुविधाओं जैसे साफ-सुथरे बैठने की जगह, सूचना कियोस्क और पर्यटक मार्गदर्शन केंद्र भी शामिल होंगे।

अयोध्या और वाराणसी में इसी प्रकार के लैंडमार्क द्वार पहले से निर्माणाधीन हैं। अधिकारियों का कहना है कि ये प्रवेश द्वार यात्रियों के लिए पहले प्रभाव को बेहतर बनाएंगे और राज्य की पहचान को मजबूत करेंगे। साथ ही, ये परियोजनाएं पर्यटन और स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी बढ़ावा देने का लक्ष्य रखेंगी।

विशेषज्ञों के अनुसार, राज्य के प्रमुख प्रवेश मार्गों पर इस तरह के संरचनात्मक सुधार न केवल इंफ्रास्ट्रक्चर को उन्नत करेंगे, बल्कि यह यात्रियों के अनुभव को भी सहज और यादगार बनाएंगे। राज्य सरकार ने इन प्रवेश द्वारों की समयबद्ध निर्माण योजना तैयार कर रखी है, ताकि आने वाले वर्षों में ये सभी मुख्य मार्गों पर स्थापित हो सकें।

राज्य में पर्यटन, सांस्कृतिक जागरूकता और आधुनिकता के इस मिश्रण से न केवल स्थानीय लोगों को लाभ मिलेगा, बल्कि उत्तर प्रदेश की राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय छवि भी सुदृढ़ होगी। इन परियोजनाओं के माध्यम से राज्य आने वाले वर्षों में अधिक संगठित और स्वागतपूर्ण रूप में सामने आएगा।

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