
नई दिल्ली: आचार्य चाणक्य का नाम भारतीय इतिहास के सबसे महान विद्वानों में लिया जाता है. वे न सिर्फ कुशल राजनीतिज्ञ और अर्थशास्त्री थे, बल्कि मानव स्वभाव के गहरे जानकार भी माने जाते हैं. चाणक्य नीति में जीवन को सफल, संतुलित और सम्मानजनक बनाने के लिए कई कठोर लेकिन व्यावहारिक बातें कही गई हैं. इन्हीं नीतियों में कुछ ऐसे लोगों से दूरी बनाने की स्पष्ट चेतावनी भी दी गई है, जिनकी संगति इंसान की ज़िंदगी को तनाव, दुख और पतन की ओर ले जा सकती है.
चाणक्य नीति क्यों मानती है संगति को सबसे अहम
चाणक्य नीति के अनुसार किसी भी व्यक्ति का व्यक्तित्व, सोच और भविष्य उसके आसपास मौजूद लोगों से गहराई से प्रभावित होता है. गलत संगति न केवल मानसिक शांति छीन लेती है, बल्कि सफलता के रास्ते में भी बड़ी बाधा बन जाती है. इसलिए आचार्य चाणक्य कहते हैं कि समय रहते कुछ लोगों से दूरी बना लेना ही बुद्धिमानी और आत्मरक्षा है.
जो बुरे समय में साथ छोड़ दें
आचार्य चाणक्य के मुताबिक किसी भी रिश्ते या मित्रता की असली परीक्षा मुश्किल वक्त में होती है. जो लोग संकट के समय साथ छोड़ देते हैं, मुंह मोड़ लेते हैं या बहाने बनाकर दूर हो जाते हैं, वे कभी सच्चे हितैषी नहीं हो सकते. ऐसे लोगों से संबंध बनाए रखना भविष्य में और अधिक पीड़ा का कारण बन सकता है.
पीठ पीछे बुराई करने वाले लोग
चाणक्य नीति में ऐसे लोगों को सबसे खतरनाक बताया गया है, जो सामने मीठी बातें करें और पीठ पीछे आपकी निंदा करें. आचार्य चाणक्य स्पष्ट कहते हैं कि ऐसा व्यक्ति मित्र नहीं, बल्कि छिपा हुआ शत्रु होता है. समय आने पर ऐसे लोग सबसे बड़ा नुकसान पहुंचा सकते हैं और जीवन को नर्क समान बना देते हैं.
जो बार-बार अपमान और तनाव दें
अगर कोई व्यक्ति आपको बार-बार अपमानित करता है, मानसिक तनाव देता है या आत्मविश्वास तोड़ने का काम करता है, तो चाणक्य नीति ऐसे संबंधों को तुरंत खत्म करने की सलाह देती है. इस तरह के लोग न केवल मानसिक शांति छीनते हैं, बल्कि व्यक्ति की प्रगति और निर्णय क्षमता को भी कमजोर कर देते हैं.
गलत रास्ते पर चलने वाले और दुष्ट प्रवृत्ति के लोग
आचार्य चाणक्य के अनुसार ईर्ष्या, द्वेष और नकारात्मक सोच रखने वाले लोगों की संगति बेहद खतरनाक होती है. इसके अलावा जो लोग कानून, सामाजिक मर्यादा और नैतिक मूल्यों का सम्मान नहीं करते, उनसे भी दूरी बनाए रखना आवश्यक है. उनकी संगत में रहकर व्यक्ति स्वयं भी गलत दिशा में भटक सकता है और अपना भविष्य खराब कर सकता है.
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