नई दिल्ली, 12 फरवरी। जब हम हिंदी सिनेमा के हास्य कलाकारों की चर्चा करते हैं, तो राजेंद्र नाथ का नाम अवश्य आता है। उनकी अद्वितीय कॉमिक टाइमिंग, मजेदार डायलॉग और यादगार भूमिकाओं ने 1960 और 70 के दशक में दर्शकों के दिलों में एक खास स्थान बना लिया। यह वह समय था जब जॉनी वॉकर और महमूद जैसे दिग्गज हास्य अभिनेता पहले से ही छाए हुए थे, लेकिन राजेंद्र नाथ ने अपनी अनोखी शैली से साबित किया कि वे भी इस क्षेत्र में अपनी पहचान बना सकते हैं।
1961 में प्रदर्शित फिल्म 'जब प्यार किसी से होता है' में देव आनंद और आशा पारेख मुख्य भूमिकाओं में थे, जबकि राजेंद्र नाथ ने सहायक अभिनेता के रूप में 'पोपटलाल' का किरदार निभाया। देव आनंद के साथ उनकी बेहतरीन केमिस्ट्री और हास्यपूर्ण टाइमिंग ने 'पोपटलाल' को इतना लोकप्रिय बना दिया कि यह नाम उनके लिए एक पहचान बन गया।
इस फिल्म ने उन्हें हर घर में पहचान दिलाई और आगे कई सफलताओं का मार्ग प्रशस्त किया। राजेंद्र नाथ ने 200 से अधिक हिंदी और पंजाबी फिल्मों में काम किया। उनकी कॉमेडी आज भी पुरानी फिल्मों के दर्शकों को हंसाने में सक्षम है, और उनका योगदान हिंदी सिनेमा के हास्य इतिहास में अमर है।
60 और 70 के दशक में राजेंद्र नाथ ने हिंदी सिनेमा में एक हास्य कलाकार के रूप में अपनी जगह बना ली थी। वे उस समय के सभी प्रमुख अभिनेताओं के साथ काम कर रहे थे, लेकिन उन्हें भी इस क्षेत्र में अपनी पहचान बनाने के लिए संघर्ष करना पड़ा। अपने करियर की शुरुआत में उन्होंने पृथ्वी थिएटर में काम किया और छोटे-छोटे रोल निभाए। उन्होंने आज के युवा कलाकारों को यह सिखाया कि चाहे रोल छोटा हो या बड़ा, प्रदर्शन पर ध्यान केंद्रित करना चाहिए।
राजेंद्र नाथ का जन्म 8 जून, 1931 को टीकमगढ़, मध्य प्रदेश में हुआ। उनका निधन 13 फरवरी 2008 को हार्ट अटैक से हुआ।
राजेंद्र नाथ की कॉमेडी आज भी पुरानी फिल्मों को देखते समय मुस्कान लाती है। 'पोपटलाल' का किरदार उनके करियर का सबसे चमकदार अध्याय बना रहा, जो हिंदी सिनेमा के हास्य इतिहास में हमेशा अमर रहेगा।