सारण । जिले के विकास, बुनियादी सुविधाओं की बहाली और सरकारी योजनाओं की निगरानी हेतु जिला स्तरीय विकास समन्वय एवं निगरानी समिति की इस वर्ष की पहली महत्वपूर्ण बैठक हुई । जिला मुख्यालय स्थित समाहरणालय सभागार में आयोजित इस बैठक की अध्यक्षता सांसद राजीव प्रताप रूडी ने की, जबकि सह-अध्यक्ष के रूप में महाराजगंज के सांसद जनार्दन सिंह सिग्रीवाल उपस्थित रहे।
बैठक में जिले के तमाम विधायक, विधान पार्षद, जिला परिषद अध्यक्ष, नगर निगम के मेयर सहित जिलाधिकारी वैभव श्रीवास्तव और वरीय पुलिस अधीक्षक विनीत कुमार समेत सभी विभागों के अधिकारी मौजूद थे। बैठक की शुरुआत पिछली बैठक के अनुपालन प्रतिवेदन की समीक्षा से हुई।
सांसद रूडी ने स्पष्ट किया कि लंबित योजनाओं को समय सीमा के भीतर पूरा करना प्रशासन की प्राथमिकता होनी चाहिए। भू-अर्जन के मामलों पर चर्चा करते हुए उन्होंने निर्देश दिया कि सभी परियोजनाओं की समेकित सूची सदस्यों को उपलब्ध कराई जाए, जिसमें मुआवजे के भुगतान की स्पष्ट टाइमलाइन दर्ज हो। बैठक में पर्यावरण संरक्षण पर विशेष जोर दिया गया। वन प्रमंडल पदाधिकारी ने बताया कि अब तक 8 मुख्य सड़कों के किनारे स्थित वृक्षों की जियो टैगिंग की जा चुकी है।
सांसद ने अन्य सार्वजनिक स्थलों के वृक्षों की भी टैगिंग करने और वृक्षारोपण की निगरानी के लिए तकनीक आधारित टास्क फोर्स गठित करने का निर्देश दिया। नगर निगम क्षेत्र में अमृत 2.0 के तहत 9,951 घरों में नल-जल कनेक्शन देने की प्रक्रिया में तेजी लाने को कहा गया। सांसद ने निर्देश दिया कि पाइपलाइन बिछाने या अन्य कार्यों के लिए खोदी गई सड़कों की मरम्मत की जिम्मेदारी उसी विभाग की होगी, जिसने खुदाई की है। इसके लिए एक यूटिलिटी कोर्डिनेशन ग्रुप बनाने का निर्णय लिया गया ताकि विभागों के बीच समन्वय बना रहे। इसके अलावा छपरा नगर निगम को नोडल एजेंसी बनाते हुए जिले में कचरा प्रबंधन के लिए 3-4 क्लस्टर बनाने का प्रस्ताव तैयार करने को कहा गया। जिले की शैक्षणिक व्यवस्था पर गहरी चिंता व्यक्त करते हुए यह निर्णय लिया गया कि मई के प्रथम सप्ताह में केवल शिक्षा जगत की समस्याओं पर चर्चा हेतु एक विशेष बैठक बुलाई जाएगी। इसमें स्कूलों, कॉलेजों, आईटीआई और पॉलिटेक्निक संस्थानों के मुद्दों पर विस्तार से बात होगी। साथ ही, स्कूलों की जमीन और राष्ट्रीय राजमार्गों के किनारे किए गए अवैध अतिक्रमण और बिना लैंड कन्वर्जन के चल रहे व्यावसायिक प्रतिष्ठानों के विरुद्ध विधि सम्मत कार्रवाई का आदेश दिया गया।
पाइप्ड नेचुरल गैस के विस्तार की समीक्षा करते हुए बताया गया कि 6,700 घरों में कनेक्शन लाइव हो चुके हैं। शेष 4,300 घरों में जल्द कनेक्शन शुरू करने का लक्ष्य रखा गया है। कृषि क्षेत्र में सीमांत किसानों से अधिक से अधिक धान खरीद सुनिश्चित करने और नहरों की समय पर उड़ाही करने के निर्देश दिए गए ताकि सिंचाई व्यवस्था सुदृढ़ हो सके।
बैठक के अंत में सांसद ने अधिकारियों को आगाह किया कि विकास कार्यों में किसी भी प्रकार की अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने जनप्रतिनिधियों द्वारा उठाए गए जनहित के मुद्दों पर सार्थक और समयबद्ध कार्रवाई सुनिश्चित करने का संकल्प दोहराया। इस बैठक ने आगामी महीनों के लिए जिले के विकास का खाका तैयार कर दिया है, जिससे आम जनता को सीधे लाभ मिलने की उम्मीद है।