बड़ी खबर! अब इन ग्राहकों को पेट्रोल पंप पर नहीं मिलेगा फ्यूल, मोदी सरकार का सबसे बड़ा फैसला
Varsha Saini June 12, 2026 12:45 PM

pc: tv9

मिडिल ईस्ट में तनाव को देखते हुए मोदी सरकार ने पेट्रोल और डीज़ल को लेकर एक बड़ा फ़ैसला लिया है। सरकार ने देश में फ्यूल की बिक्री और डिस्ट्रीब्यूशन को लेकर यह अहम फ़ैसला लिया है। सरकार ने देश में पेट्रोल पंपों से बड़ी मात्रा में इंडस्ट्रियल पेट्रोल और डीज़ल खरीदने के नियमों को और सख़्त कर दिया है। सरकार की ओर से जारी एक नए नोटिफ़िकेशन के अनुसार, अब रिटेल आउटलेट से ‘मोटर स्पिरिट’ (पेट्रोल) और ‘हाई-स्पीड डीज़ल’ (HSD) की बिक्री पर नई रोक लगा दी गई है। इन नए नियमों के अनुसार, कोई भी गाड़ी या ग्राहक एक दिन में पेट्रोल पंप से 200 लीटर से ज़्यादा ‘हाई-स्पीड डीज़ल’ नहीं खरीद पाएगा। इसके अलावा, कमर्शियल और इंस्टीट्यूशनल ग्राहकों को रिटेल पेट्रोल पंप से सीधे फ्यूल खरीदने पर रोक लगा दी गई है। उन्हें अपनी ज़रूरतें ‘बल्क सेल पॉइंट’ के ज़रिए पूरी करने का निर्देश दिया गया है। यह व्यवस्था शुरू में अगले 90 दिनों के लिए लागू होगी।

कमर्शियल ग्राहकों के लिए नियम बदले गए

नई गाइडलाइंस के अनुसार, कमर्शियल ग्राहक अब आम रिटेल पेट्रोल पंप से फ्यूल नहीं खरीद पाएंगे। सरकार ने साफ़ निर्देश जारी किए हैं कि इन कमर्शियल कस्टमर्स को अपनी ज़रूरत का पेट्रोल या हाई-स्पीड डीज़ल सिर्फ़ अपने ‘कंज्यूमर पंप’ (अपने इस्तेमाल के पंप) से ही लेना चाहिए।

एक दिन में सिर्फ़ 200 लीटर पेट्रोल मिलेगा

पेट्रोल पंप ऑपरेटरों को सख़्त निर्देश दिए गए हैं; इसी के तहत, इस नोटिफ़िकेशन के ज़रिए साफ़ किया गया है कि एक दिन में किसी भी एक कस्टमर या गाड़ी को 200 लीटर से ज़्यादा ‘हाई-स्पीड डीज़ल’ नहीं बेचा जाना चाहिए। क्योंकि एक नॉर्मल कार के फ़्यूल टैंक की कैपेसिटी 200 लीटर से बहुत कम होती है, इसलिए इस स्कीम का नॉर्मल कार मालिकों की रोज़मर्रा की ज़िंदगी पर कोई बड़ा असर नहीं पड़ेगा। हालांकि, इसका असर मुख्य रूप से उन लोगों पर पड़ेगा जो भारी ट्रकों या जनरेटर के लिए बड़े ड्रम में डीज़ल ट्रांसपोर्ट करते हैं। इसके अलावा, किसी भी हालत में इस ‘हाई-स्पीड डीज़ल’ को दोबारा बेचने पर पूरी तरह से रोक है।

नया सिस्टम 90 दिनों के लिए लागू होगा

फ़्यूल बेचने से जुड़ा यह नया सिस्टम शुरू में 90 दिनों के लिए लागू किया गया है। इसका मतलब है कि पेट्रोल पंप पर फ्यूल की बिक्री को लेकर ये सख्त नियम अगले तीन महीनों तक लागू रहेंगे। हालांकि, सरकारी नोटिफिकेशन में यह भी साफ किया गया है कि अगर सरकार सही समझे तो 90 दिन का समय खत्म होने से पहले नया ऑर्डर जारी करके इन पाबंदियों को हटाया जा सकता है।

© Copyright @2026 LIDEA. All Rights Reserved.