दिल्ली विकास प्राधिकरण (DDA) ने एक बार फिर यमुना के किनारे बसे यमुना बाजार के निवासियों को 23 जून यानी आज तक इलाका खाली करने का नोटिस जारी किया है. अगर ऐसा नहीं किया गया, तो DDA 24 जून यानी बुधवार को बुलडोजर चला सकता है. नोटिस के मुताबिक, यमुना बाजार के निवासियों को बताया गया है कि वे नाइट शेल्टर (रात में रहने की जगह) में शरण ले सकते हैं.
अगर नोटिस पर ध्यान नहीं दिया गया, तो घाट वाले इलाके को खाली कराने के लिए सख्त कार्रवाई की जाएगी. 23 जून को जारी सार्वजनिक नोटिस में यमुना बाजार के घाट नंबर 2 से 32 तक के निवासियों को सूचित किया गया है कि NGT केस नंबर 06/2012 (13 जनवरी, 2015) के संबंध में DDA को दिए गए निर्देशों के अनुसार, DDA के अधिकार क्षेत्र में आने वाले यमुना नदी के बाढ़-मैदान (फ्लडप्लेन) इलाके से सभी अवैध कब्ज़ों को हटाना जरूरी है.
दिल्ली हाई कोर्ट के 2 अगस्त, 2022 के आदेश (केस नंबर 6779/2021 – शाकरपुर स्लम यूनियन बनाम दिल्ली विकास प्राधिकरण और अन्य) के अनुसार, “प्रभावित परिवार दिल्ली शहरी आश्रय सुधार बोर्ड (DUSIB) द्वारा उपलब्ध कराए गए अस्थायी आश्रय (नाइट शेल्टर) की सुविधा का लाभ उठा सकते हैं.” इसलिए, यमुना बाज़ार के घाट नंबर 02 से 32 पर रहने वाले परिवार अस्थायी तौर पर DUSIB के नाइट शेल्टर में से किसी में भी शरण ले सकते हैं.
DUSIB के नाइट शेल्टरदिल्ली विकास प्राधिकरण के अधिकारियों ने इस इलाके के निवासियों से अनुरोध करते हुए कहा कि वे 23/06/2026 तक यह जगह खाली कर दें. ऐसा न करने पर, 24/06/2026 या उसके बाद किए जाने वाले अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई से होने वाले किसी भी नुकसान के लिए वे खुद जिम्मेदार होंगे.