Shani Dev: शनि देव को धर्म शास्त्रों में न्यायाधीश कहा गया है. वो कर्मों के फल प्रदान करने वाले देवता हैं. यही वजह है कि शनि देव से हर कोई डरता है. शनिवार का दिन शनि देव की पूजा और व्रत को समर्पित किया गया है. इस दिन विधि-विधान से शनि की पूजा और व्रत किया जाता है. उनको सरसों का तेल चढ़ाया जाता है, ताकि उनकी कृपा दृष्टि बनी रहे. धार्मिक मान्यता है कि शनिवार को गई पूजा और व्रत से शनि प्रसन्न होते हैं. मान्यता है कि अगर शनि किसी पर प्रसन्न हो जाते हैं, तो उसको जीवन की हर सुख-सुविधा प्राप्त होती है.
वो रंक से राजा का जीवन व्यतीत करने लगता है. वहीं शनि की नराजगी जीवन को दुखों से भर देती है. शनि जिस पर वक्र दृष्टि डालते हैं उसका जीवन पूरी तरह से बर्बाद हो जाता है, इसलिए धर्म शास्त्रों में शनि की पूजा और व्रत के लिए विशेष नियम बताए गए हैं. साथ ही उन कामों के बारे में बताया गया है, जिसे शनि देव बिल्कुल पंसद नहीं करते हैं. जो लोग इन कामों को करते हैं उनको कोई शनि के प्रकोप से नहीं बचा सकता है.
शनि को नहीं पसंद हैं ये काम कमजोर को सतानाजो लोग कमजोर और निर्धन व्यक्ति या बेजुबान पशु-पक्षी पर अत्याचार करते हैं या कोई गलत व्यवहार करते हैं, तो उनको शनि देव के प्रकोप का सामना करना पड़ता है. ऐसे में भूलकर भी ये काम न करें.
काम में आलस्य दिखानाजो लोग आलस्य करके अपने कर्म करने से बचते हैं उनको शनि देव कभी क्षमा नहीं करते हैं. शनि को ये चीज बिल्कुल भी पसंद नहीं है. शनि देव केवल उनको ही पसंद करते हैं, जो अपने कर्म को पूरी मेहनत और लगन के साथ करते हैं.
किसी का अनादरजो लोग किसी का भी अनादर करते हैं शनि उनको पंसद नहीं करते हैं. बड़ा हो या छोटा, हैसियत में बराबर का हो या निर्धन शनि किसी का अनादर स्वीकार नहीं करते हैं.
धन का गलत उपयोगधन का किसी गलत काम या गलत खान-पान की चीजों में इस्तेमाल करने वालों को शनि माफ नहीं करते हैं. शनि देव के सिद्धांतों में यह सबसे महत्वपूर्ण हैं, कि धन अधिक है, तो उसे अच्छे काम में लगाना चाहिए.
झूठ और फरेबछल और कपट करने वाले को भी शनि देव की अदालत में कड़ी सजा दी जाती है. जो लोग अपने फायदे के लिए किसी का नुकसान करते हैं, उनको भी शनि देव क्षमा नहीं करते हैं.
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Disclaimer: इस खबर में दी गई जानकारी धार्मिक मान्यताओं और सामान्य जानकारियों पर आधारित है. टीवी9 भारतवर्ष इसकी पुष्टि नहीं करता है.