घरेलू महिला क्रिकेट की नवीनतम समीक्षा रिपोर्टों के अनुसार, मध्यक्रम की आक्रामक बल्लेबाज और उपयोगी मध्यम गति की गेंदबाज नंदी शर्मा ने राज्य स्तरीय और जोनल टूर्नामेंटों में अपने निरंतर खेल से काफी प्रभावित किया है। दबाव की परिस्थितियों में क्रीज पर टिककर लंबी पारियां खेलने और जरूरत पड़ने पर बड़े शॉट्स लगाने की उनकी क्षमता उन्हें एक मैच-फिनिशर के रूप में स्थापित करती है। बल्लेबाजी के अलावा, नई और पुरानी दोनों गेंदों से विकेट चटकाने और रनों की गति पर अंकुश लगाने का उनका हुनर टीम के संतुलन के लिए बेहद अहम साबित हुआ है।
चयनकर्ताओं की नजरें फिलहाल आगामी घरेलू सीरीज और राष्ट्रीय कैंपों पर टिकी हैं, जहां नंदी शर्मा जैसी युवा प्रतिभाओं को इंडिया-ए और अन्य उभरती हुई टीमों (India Emerging Squads) के जरिए अंतरराष्ट्रीय मंच के लिए तैयार करने का रोडमैप बनाया जा रहा है। खेल विशेषज्ञों का मानना है कि यदि वे इसी तरह अपनी फिटनेस और खेल की बारीकियों पर काम करती रहीं, तो जल्द ही विमेंस प्रीमियर लीग (WPL) और राष्ट्रीय टीम के मुख्य चयन ट्रायल में उन्हें बड़ी जिम्मेदारी मिल सकती है।