एक्टिविस्ट खुर्रम परवेज और पत्रकार इरफान मेराज को कोर्ट से राहत, जमानत पर रोक लगाने से किया इनकार
TV9 Bharatvarsh July 22, 2026 12:43 AM

दिल्ली हाई कोर्ट ने 2020 के UAPA मामले में कश्मीरी मानवाधिकार कार्यकर्ता खुर्रम परवेज और पत्रकार इरफ़ान मेराज को मिली ज़मानत पर रोक लगाने से इनकार कर दिया है. जस्टिस प्रतिभा एम. सिंह और विकास महाजन की डिवीज़न बेंच ने आदेश देते हुए कहा कि परवेज और मेहराज पर लगे आरोप “बेहद गंभीर” हैं, लेकिन चूंकि ट्रायल कोर्ट ने उन्हें ज़मानत दी है और उन पर कड़ी शर्तें लगाई हैं, इसलिए कोर्ट इस आदेश पर रोक नहीं लगा रहा है.

हालांकि, दिल्ली हाई कोर्ट ने उन पर जमानत की सख्त शर्तें लगाई हैं. दिल्ली हाई कोर्ट ने दोनों पर ज़मानत की कुछ और शर्तें लगाईं और जमानत के खिलाफ NIA की अपील मंजूर कर ली.

अगस्त में विस्तार से दलील सुनेगी कोर्ट

कोर्ट ने कहा कि वह अगस्त में इस मामले में विस्तार से दलीलें सुनेगी. फिलहाल दिल्ली हाईकोर्ट द्वारा रोक न लगने से परवेज़ के जेल से रिहा होने का रास्ता साफ़ हो गया है.

आपको बता दें कि हाल ही में दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट स्थित स्पेशल NIA कोर्ट ने UAPA मामले में कश्मीरी मानवाधिकार कार्यकर्ता खुर्रम परवेज और पत्रकार इरफान मेराज को जमानत दी थी. NIA ने ट्रायल कोर्ट के फैसले को दिल्ली हाईकोर्ट में चुनौती दी है.

खुर्रम परवेज की रिहाई का रास्ता साफ

हाई कोर्ट द्वारा उनकी जमानत पर रोक लगाने से इनकार किए जाने के बाद खुर्रम परवेज के जेल से रिहा होने का रास्ता साफ हो गया है. खुर्रम परवेज और इरफान मेराज के खिलाफ वर्ष 2020 में कथित आतंकी फंडिंग से जुड़े मामले में गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम (UAPA) के तहत मामला दर्ज किया गया था. फिलहाल इस मामले की सुनवाई अदालत में जारी है.

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