भारतीय कप्तान श्रेयस अय्यर ने बृहस्पतिवार को यहां की परिस्थितियों का फायदा उठाने के लिए अपने गेंदबाजों की तारीफ की और कहा कि पहले टी20 अंतरराष्ट्रीय में जिम्बाब्वे पर मिली शानदार जीत से उनकी टीम को सीरीज के बाकी मुकाबलों के लिए जरूरी आत्मविश्वास मिलेगा.
पहले गेंदबाजी करते हुए भारत ने जिम्बाब्वे को सात विकेट पर 125 रन पर रोकने के बाद 40 गेंद शेष रहते सात विकेट से आसान जीत दर्ज की.
अय्यर ने इस प्रदर्शन को पूरी टीम की कोशिश बताया, हालांकि उन्होंने माना कि बल्लेबाजी पूरी तरह आसान नहीं थी. मैच के बाद अय्यर ने कहा, ‘‘मुझे लगता है कि लड़कों ने जबरदस्त खेल दिखाया. अपनी पहली जीत से मैं बहुत खुश हूं. गुड लेंथ से उछाल मिल रहा था और वह असमान था. मुझे लगा कि दोनों पारियों में ऐसा ही था. मयंक ने जो शुरुआत दी, वह बहुत अच्छी थी.’’
श्रेयस आयरलैंड और इंग्लैंड के खिलाफ अपनी कप्तानी में श्रृंखला गंवाने के बाद यहां आए थे. कप्तान ने कहा कि इस शानदार शुरुआत से भारत को फायदा होगा क्योंकि इसी मैदान पर दो और मैच खेले जाने हैं. उन्होंने कहा, ‘‘हम यहां दो और मैच खेलने वाले हैं इसलिए आज के प्रदर्शन से सभी को कुछ आत्मविश्वास मिला है.’’
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अय्यर ने युवा सलामी बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी का भी समर्थन किया और कहा कि हालात की जानकारी होने से इस युवा खिलाड़ी को फायदा होगा. उन्होंने कहा, ‘‘वैभव यहां खेल चुके हैं. उन्होंने अंडर-19 विश्व कप फाइनल में 175 रन बनाए थे इसलिए उन्हें यहां के हालात का पता है.’’
भारत के 15 साल के बल्लेबाज सूर्यवंशी पुरुषों के अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में अर्धशतक बनाने वाले दुनिया के सबसे युवा खिलाड़ी बन गए. उन्होंने सिर्फ 18 गेंदों में यह मुकाम हासिल किया.
मैच के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी मयंक यादव (18 रन पर दो विकेट) ने कहा कि उन्हें ऐसी पिच पर गेंदबाजी करने में मजा आया जहां तेज गेंदबाजों को मदद मिल रही थी. उन्होंने कहा, ‘‘जब आप जीत में योगदान देते हैं तो हमेशा बहुत अच्छा लगता है इसलिए यह मेरे लिए बहुत खास पल था.’’
अय्यर ने कहा, ‘‘पिच बहुत अच्छी थी. भारत में खेलने के बाद, मुझे यहां गेंदबाजी करने में मजा आ रहा था. जिम्बाब्वे का यह मेरा पहला दौरा है. मुझे उछाल और सीम मूवमेंट से बहुत मदद मिली.’’
प्रिंस यादव (19 रन पर दो विकेट) ने भी अपनी गेंदबाजी से प्रभावित किया. उन्होंने कहा कि मुश्किल हालात के बावजूद गेंदबाज अपनी योजना पर डटे रहे. उन्होंने कहा, ‘‘मैं अपने प्रदर्शन से बहुत खुश हूं लेकिन इससे भी जरूरी बात यह है कि हमने मैच जीता. जब हमने अच्छी लाइन और लेंथ पर गेंदबाजी की तो पिच से भी मदद मिली.’’
जिम्बाब्वे के कप्तान सिकंदर रजा ने माना कि उनकी टीम उम्मीदों पर खरी नहीं उतरी. उन्होंने कहा कि सुबह की नमी का असर उम्मीद से कहीं अधिक था. उन्होंने कहा, ‘‘प्रदर्शन उम्मीद के मुताबिक नहीं था. सुबह नमी का असर दिखा, लेकिन मुझे उम्मीद नहीं थी कि यह इतनी देर तक असर डालेगी.’’
रजा ने कहा, ‘‘आखिरी आठ ओवरों में और जब भारत बल्लेबाज़ी करने उतरा तो विकेट बहुत अच्छा खेल रहा था.’’ हालांकि रजा ने इस मैच से कुछ सकारात्मक बातें गिनाई, विशेषकर कुछ ऐसे बल्लेबाजों के प्रदर्शन से जिन्हें नई भूमिकाएं दी गई थीं.
उन्होंने कहा, ‘‘हमने कुछ बल्लेबाजों को नई भूमिका में आजमाया और उन्होंने अच्छा प्रदर्शन किया तो हां, कुछ सकारात्मक बातें भी रहीं.’’