ऊधम सिंह नगर में नशे की समस्या ने न केवल स्वास्थ्य को प्रभावित किया है, बल्कि रिश्तों को भी बर्बाद कर दिया है। अरमान और समीर, जो अच्छे दोस्त थे, नशा करने और स्मैक की खरीद में एक-दूसरे की मदद करते थे। पुलिस की जांच में यह सामने आया कि एक महीने पहले अरमान ने समीर को कम मात्रा में स्मैक दी थी, जिसके चलते समीर ने अरमान की हत्या कर दी।
अरमान की मां के अनुसार, समीर के पिता ने पहले भी अरमान को जान से मारने की धमकी दी थी। समीर की अरमान के प्रति रंजिश थी, जिसके चलते उसने हत्या की योजना बनाई।
कोतवाल जगदीश सिंह ठकरियाल ने बताया कि समीर ने पहले अरमान को अपने घर बुलाया, वहां से चाकू लेकर मंडवाखेड़ा के खेत में ले गया। वहां दोनों ने स्मैक का सेवन किया, और जब अरमान लौटने लगा, तो समीर ने उस पर चाकू से हमला कर दिया।
घटना स्थल अरमान के घर से एक किलोमीटर दूर था। स्थानीय लोगों का कहना है कि समीर का व्यवहार ठीक नहीं था और वह अक्सर झगड़े में पड़ता था।
ईद के दिन, अरमान ने अपने परिवार के बच्चों को ईदी दी थी और चैन की नींद सो रहा था, उसे नहीं पता था कि उसका दोस्त उसे मौत के मुंह में ले जाएगा।
सोमवार शाम को जब अरमान का फोन बंद हुआ, तो उसकी मां ने समीर के घर जाकर देखा, लेकिन वहां ताला लगा था। अरमान की मौत की सूचना मंगलवार सुबह मिली, जिससे परिवार में कोहराम मच गया।
समीर को गिरफ्तार कर लिया गया है और हत्या में प्रयुक्त चाकू भी बरामद किया गया है। नशे के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। – दीपक सिंह, सीओ
काशीपुर में नशे की प्रवृत्ति बढ़ती जा रही है, जिससे रिश्तों में दरार आ रही है। नशे के कारण लोग अपने करीबी दोस्तों और परिवार के सदस्यों की जान लेने से भी नहीं चूक रहे हैं।