लखनऊ। उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 के नजदीक आते ही राजनीतिक गतिविधियाँ तेज हो गई हैं। डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने समाजवादी पार्टी के नेता अखिलेश यादव पर तीखा हमला किया है। उन्होंने कहा कि सपा न तो रामभक्तों का विश्वास हासिल कर पाएगी और न ही अपने कथित वोट बैंक को बचा सकेगी।
मौर्य ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि भाजपा के डर से पहले मंदिर का निर्माण और अब प्रभु श्रीरामलला की मूर्ति लगाने की चर्चा करना, समाजवादी पार्टी की अवसरवादी राजनीति का नया रूप है। यह विडंबना है कि जिन सपा नेताओं पर रामभक्तों के खून के छींटे लगे हैं, वे आज रामभक्ति का दिखावा कर रहे हैं।
उन्होंने आगे कहा कि यदि सच्ची आस्था होती तो श्रीकृष्ण जन्मभूमि पर बनी ईदगाह को हटाने और भव्य मंदिर निर्माण की बात होती। दुविधा में फंसी सपा न तो रामभक्तों का विश्वास जीत सकेगी और न ही अपना वोट बैंक बचा पाएगी। 2027 में उन्हें न हिंदू मिलेगा और न मुसलमान, केवल सैफ़ई में स्थान मिलेगा।
यूपी चुनाव को लेकर राजनीतिक तापमान बढ़ता जा रहा है। सपा और भाजपा के नेताओं के बीच हमले तेज हो गए हैं। अखिलेश यादव लगातार भाजपा सरकार पर हमले कर रहे हैं, जबकि भाजपा उनकी आलोचना का जवाब दे रही है।