ईरान ने इजराइल द्वारा लेबनान में हमले तेज किए जाने के जवाब में होर्मुज स्ट्रेट को फिर बंद कर दिया है, जिसके बाद अमेरिका के साथ तनाव फिर से बढ़ गया है। इस घटनाक्रम से हाल में हुआ युद्धविराम भी खतरे में पड़ गया है।
अमेरिका ने जलडमरूमध्य को तत्काल खोलने की मांग की है और शांति वार्ता को पटरी पर बनाए रखने की कोशिश की है। अमेरिका और ईरान दोनों ने समझौते को अपनी-अपनी जीत बताया है, वहीं क्षेत्र में ड्रोन और मिसाइल हमले जारी हैं।
इजराइल का लेबनान पर बड़ा हमलाइस बीच इजराइल ने लेबनान में हिजबुल्ला के खिलाफ हमले तेज कर दिए हैं। बेरूत में व्यावसायिक और रिहायशी इलाकों पर हमले किए गए। इन हमलों में बुधवार को कम से कम 182 लोगों की मौत हुई।
'अमेरिका ने युद्ध विराम की शर्तों का उल्लंघन किया'ईरान की संसद के अध्यक्ष मोहम्मद बाकर गालिबाफ ने कहा कि प्रस्तावित वार्ता “अतार्किक” है क्योंकि अमेरिका ने युद्ध विराम की शर्तों का उल्लंघन किया है। ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने भी कहा कि लेबनान में संघर्ष खत्म करना युद्धविराम का हिस्सा था, जबकि इजराइल और अमेरिका ने इससे इनकार किया है।
व्हाइट हाउस की मांगव्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलिन लेविट ने जलडमरूमध्य बंद करने को “पूरी तरह अस्वीकार्य” बताया और इसे फिर खोलने की मांग दोहराई।
शर्तों को लेकर दोनों पक्षों के बीच मतभेदसमझौते की शर्तों को लेकर दोनों पक्षों के बीच मतभेद बने हुए हैं। ईरान ने संकेत दिया है कि वह जलडमरूमध्य से गुजरने वाले जहाजों से शुल्क वसूल सकता है, जबकि अमेरिका इसका विरोध कर रहा है।
विशेषज्ञों के अनुसार, क्षेत्र में बढ़ती हिंसा और मतभेदों के चलते युद्धविराम के कायम रहने पर अनिश्चितता बनी हुई है।
पीटीआई के इनपुट के साथ