मई 2026 में होने वाली सीए परीक्षाओं के नजदीक आने के साथ ही इंस्टीट्यूट ऑफ चार्टर्ड अकाउंटेंट्स ऑफ इंडिया यानी आईसीएआई (ICAI) ने कैंडिडेट्स के लिए एक जरूरी गाइडलाइन जारी की है, जिसमें तैयारी की रणनीति बताई गई है. साथ ही इस बात पर भी प्रकाश डाला गया है कि बदलते आर्थिक परिवेश में चार्टर्ड अकाउंटेंट की भूमिका किस प्रकार विकसित हो रही है. आईसीएआई के मुताबिक, सीए का पेशा पारंपरिक लेखांकन और ऑडिटिंग से कहीं आगे बढ़ चुका है और वो फैसले लेने, शासन, अनुपालन और वित्तीय रणनीति में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं.
आईसीएआई ने ये भी बताया कि यह पेशा फॉरेंसिक अकाउंटिंग, रिस्क मैनेजमेंट, दिवालियापन, मूल्यांकन, इंटरनेशनल टैक्सेशन और फिनटेक जैसे क्षेत्रों में भी विस्तार कर रहा है और ऑटोमेशन बढ़ने के साथ एनालिटिकल स्किल और प्रोफेशनल जजमेंट पर निर्भरता भी बढ़ रही है. इसी क्रम में आईसीएआई ने सीए मई 2026 सेशन की परीक्षा में बैठने के लिए रजिस्टर्ड सीए कैंडिडेट्स के लिए दिशानिर्देश जारी किए हैं. आईसीएआई ने इस बात पर अधिक जोर दिया है कि भारत की सबसे कठिन प्रोफेशनल परीक्षाओं में से एक में सफलता के लिए रेगुलर स्टडी, रिवीजन और सेल्फ एसेसमेंट जरूरी हैं.
पूरे महीने होंगी परीक्षाएंमई 2026 में होने वाली सीए परीक्षा पूरे महीने आयोजित की जाएगी. फाइनल परीक्षाएं पहले से तय कार्यक्रम के अनुसार 2 से 12 मई तक होंगी, जबकि इंटरमीडिएट परीक्षाओं के समय में संशोधन किया गया है. अपडेटेड टाइम टेबल के मुताबिक, ग्रुप I की परीक्षाएं अब 5, 7 और 9 मई को और ग्रुप II की परीक्षाएं 11, 13 और 15 मई को होंगी. परीक्षा के समय में कोई बदलाव नहीं किया गया है.
ICAI ने बताई परीक्षा की तैयारी के लिए रणनीतिसीए संस्थान के मुताबिक, छात्रों को अंतिम समय की तैयारी पर निर्भर रहने के बजाय अनुशासित और कॉन्सेप्ट-आधारित दृष्टिकोण अपनाना चाहिए. इसके लिए प्रमुख सुझाव हैं:
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