लंदन में आयोजित एफआईएच प्रो लीग के मुकाबले में भारतीय पुरुष हॉकी टीम ने पाकिस्तान के खिलाफ बेहतरीन खेल का प्रदर्शन किया। प्रारंभिक झटके के बावजूद, टीम ने जोरदार वापसी की और लगातार गोल करके मैच को अपने पक्ष में कर लिया। इस जीत ने भारतीय खिलाड़ियों के आत्मविश्वास को भी काफी बढ़ाया।
मुकाबले की शुरुआत पाकिस्तान के लिए सकारात्मक रही। 13वें मिनट में अबू महमूद ने पेनल्टी कॉर्नर पर शानदार ड्रैग-फ्लिक लगाकर अपनी टीम को बढ़त दिलाई। हालांकि, भारतीय टीम ने घबराने के बजाय धैर्य बनाए रखा। 20वें मिनट में हरमनप्रीत सिंह की ड्रैग-फ्लिक सुखजीत सिंह से टकराकर गोल में पहुंच गई, जिससे भारत ने बराबरी हासिल की। दूसरे क्वार्टर में खेल बराबरी पर रहा, लेकिन इसके बाद भारतीय खिलाड़ियों ने मैच पर पूरी तरह से नियंत्रण बना लिया। पाकिस्तान के अहमद नदीम की चोट के कारण खेल कुछ समय के लिए रुका, जिसके बाद भारत ने अपने आक्रामक खेल का असली रूप दिखाया।
हाफ टाइम के बाद भारतीय टीम ने पूरी तरह से नया रूप धारण किया। कप्तान हरमनप्रीत सिंह ने पेनल्टी कॉर्नर को गोल में बदलकर भारत को बढ़त दिलाई। इसके तुरंत बाद हार्दिक सिंह ने पेनल्टी स्ट्रोक पर गोल किया। अगले ही मिनट में जुगराज सिंह ने शानदार फील्ड गोल दागकर पाकिस्तान की मुश्किलें बढ़ा दीं। अभिषेक ने अपने दमदार रिवर्स हिट से पांचवां गोल किया, जबकि राजकुमार पाल ने छठा गोल जोड़ दिया। अंतिम क्वार्टर में दिलप्रीत सिंह ने नजदीक से गोल करके भारत की जीत को सुनिश्चित किया। पाकिस्तान की रक्षा पंक्ति भारतीय हमलों के सामने पूरी तरह से बिखर गई।
इस महत्वपूर्ण जीत के बाद भारतीय टीम अंक तालिका में नीचे से दूसरे स्थान से सातवें स्थान पर पहुंच गई है। अब भारत के 15 मैचों में 17 अंक हो गए हैं और टीम का अगला मुकाबला रविवार को इंग्लैंड के खिलाफ होगा। दूसरी ओर, पाकिस्तान के लिए यह हार बेहद निराशाजनक रही है। टीम इस सीजन में अब तक अपने सभी 15 मुकाबले हार चुकी है। यह तीसरी बार है जब पाकिस्तान ने एक ही मैच में सात गोल खाए हैं। भारतीय टीम के लिए यह जीत केवल दो अंक नहीं, बल्कि आत्मविश्वास बढ़ाने वाला प्रदर्शन भी साबित हुई।