ALSO READ: 15,000 रुपए में कौन सा फोन है बेस्ट? जानिए टॉप 5 5G स्मार्टफोन
जानकारी के मुताबिक, हादसा स्टील प्लांट के SMS-2 और STC-3 हीट फैसिलिटी में उस समय हुआ, जब उत्पादन कार्य के दौरान अचानक पिघला हुआ स्टील बाहर फैल गया और वहां काम कर रहे श्रमिक इसकी चपेट में आ गए। अत्यधिक तापमान और हादसे की अचानक हुई गंभीरता के कारण कई मजदूरों की मौके पर ही मौत हो गई।
घटना के तुरंत बाद प्लांट प्रशासन और आपातकालीन राहत दल मौके पर पहुंचे। घायलों को इलाज के लिए नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया, जबकि संयंत्र के भीतर राहत एवं बचाव अभियान चलाया गया। अधिकारियों ने हादसे की जांच के आदेश दे दिए हैं। शुरुआती जांच में दुर्घटना के कारणों का आधिकारिक खुलासा नहीं किया गया है, लेकिन तकनीकी और सुरक्षा संबंधी पहलुओं की गहन जांच की जा रही है।
ALSO READ: पेट्रोल बाइक को कहिए बाय-बाय, Ultraviolette ने लॉन्च किया 'Kill the Petrol Bill' प्रोग्राम, 30,000 रुपए तक का कैशबैक भी
इस दर्दनाक घटना के बाद एक बार फिर भारी उद्योगों और स्टील उत्पादन इकाइयों में सुरक्षा मानकों को लेकर सवाल उठने लगे हैं। राष्ट्रीय इस्पात निगम लिमिटेड (RINL) द्वारा संचालित विशाखापत्तनम स्टील प्लांट देश के प्रमुख एकीकृत इस्पात संयंत्रों में से एक है।
प्रशासन की ओर से हादसे के बाद पूरे प्लांट में विस्तृत सुरक्षा ऑडिट और परिचालन प्रक्रियाओं की समीक्षा किए जाने की संभावना जताई जा रही है। मृतकों की पहचान और घायलों की स्थिति को लेकर विस्तृत जानकारी का इंतजार है। Edited by : Sudhir Sharma