पूर्णिया में डबल डेथ मिस्ट्री! बुजुर्ग दिव्यांग दंपति का शव फंदे से लटका मिला… बेटे-बहू पर लगा हत्या का आरोप
TV9 Bharatvarsh June 29, 2026 08:43 PM

Purnia Crime News: बिहार के पूर्णिया से रिश्तों को शर्मसार कर देने वाली एक ऐसी घटना सामने आई है, जिसने पूरे इलाके को स्तब्ध कर दिया है. जिस बेटे को बुढ़ापे का सहारा माना जाता है, उसी पर अपने दिव्यांग माता-पिता की हत्या का आरोप लगा है. घर के अंदर एक साथ बुजुर्ग दंपती के शव फंदे से लटके मिलने के बाद गांव में सनसनी फैल गई. परिजनों का दावा है कि यह आत्महत्या नहीं, बल्कि सुनियोजित हत्या है, जबकि पुलिस पोस्टमार्टम और फॉरेंसिक रिपोर्ट का इंतजार कर रही है.

मामला पूर्णिया जिले के कृत्यानंद नगर थाना क्षेत्र के झुन्नी भुटहा गांव का है. यहां दिव्यांग बुजुर्ग भुल्लर ऋषि और उनकी पत्नी मुनिया देवी का शव रविवार सुबह उनके घर के अंदर फंदे से लटका मिला. घटना की सूचना मिलते ही पूरे गांव में हड़कंप मच गया और मौके पर लोगों की भारी भीड़ जुट गई. मृतक दंपती की बेटी चंपा देवी ने अपने भाई मनोज ऋषि और भाभी पर माता-पिता की हत्या का गंभीर आरोप लगाया है.

नशे में मां-बाप से मारपीट करता था बेटा

चंपा देवी के मुताबिक, उसका भाई शराब पीने का आदी है और रोज नशे में घर आकर माता-पिता के साथ मारपीट करता था. इतना ही नहीं, उन्हें ठीक से खाना तक नहीं दिया जाता था. लगातार प्रताड़ना से परेशान होकर दोनों बुजुर्ग अपने बेटे को जमीन-जायदाद से बेदखल करने की बात कह रहे थे. बेटी का आरोप है कि घटना से तीन दिन पहले से ही उसके भाई और भाभी द्वारा माता-पिता के साथ लगातार मारपीट की जा रही थी.

‘फांसी लगाना असंभव’

घटना वाली सुबह गांव में शोर मचा कि उसके माता-पिता की मौत हो गई है. जब वह भाई के घर पहुंची तो दोनों के शव फंदे से लटके मिले. चंपा देवी ने सवाल उठाया कि उसके पिता एक पैर से दिव्यांग थे, जबकि मां लाठी के सहारे चलती थीं. ऐसे में दोनों का खुद फंदा लगाकर आत्महत्या कर लेना संभव नहीं लगता. उसने कहा कि उसके भाई और भाभी ने ही दोनों की हत्या कर शवों को फंदे से लटका दिया.

ये भी पढ़ें: बिहार के शिवहर में सिलेंडर ब्लास्ट, 8 घर जलकर राख 6 लोग झुलसे, सभी मुजफ्फरपुर रेफर

संदिग्ध हालत में बुजुर्ग दंपति की मौत

मृतक के दूसरे बेटे संजय ऋषि ने भी अपने भाई मनोज ऋषि पर गंभीर आरोप लगाए हैं. संजय का कहना है कि पिछले तीन-चार दिनों से मनोज और उसकी पत्नी लगातार माता-पिता के साथ झगड़ा और मारपीट कर रहे थे. घटना से एक शाम पहले भी दोनों बुजुर्गों के साथ मारपीट हुई थी और अगली सुबह दोनों मृत मिले. गांव के कई पड़ोसियों ने भी बताया कि घर से अक्सर झगड़े और मारपीट की आवाजें आती थीं.

शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया

इस कारण घटना के बाद गांव वालों के बीच भी हत्या की आशंका को लेकर चर्चा तेज है. घटना की सूचना मिलते ही कृत्यानंद नगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची. पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए पूर्णिया मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल भेज दिया. मामले की गंभीरता को देखते हुए एफएसएल (फॉरेंसिक साइंस लैब) की टीम को भी बुलाया गया, जिसने घटनास्थल से कई अहम साक्ष्य जुटाए.

पुलिस हिरासत में आरोपी बेटा-बहू

पुलिस ने मृतक दंपती के बेटे मनोज ऋषि, उसकी पत्नी और उनके बेटे को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है. मुखिया प्रतिनिधि मो. बसीर ने इस घटना के लिए शराब की लत को बड़ी वजह बताया. उन्होंने कहा कि इलाके में बड़े पैमाने पर अवैध देसी शराब बनाई जाती है और बड़ी संख्या में युवा इसकी गिरफ्त में हैं. उनके अनुसार मनोज ऋषि भी शराब का आदी है और नशे की हालत में अक्सर अपने माता-पिता के साथ मारपीट करता था.

एसडीपीओ-2 डॉ. गौरव कुमार ने बताया कि एफएसएल टीम ने घटनास्थल से सभी जरूरी साक्ष्य एकत्र किए हैं. हिरासत में लिए गए लोगों से पूछताछ जारी है. उन्होंने कहा कि अभी यह कहना जल्दबाजी होगी कि मामला हत्या का है या आत्महत्या का. पोस्टमार्टम रिपोर्ट और फॉरेंसिक जांच के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा हो सकेगा. यह घटना सिर्फ दो लोगों की संदिग्ध मौत नहीं, बल्कि बदलते सामाजिक रिश्तों पर भी गंभीर सवाल खड़ा करती है.

जिन माता-पिता ने बेटे को पाल-पोसकर बड़ा किया, क्या वही बुढ़ापे में अपने ही घर में असुरक्षित हो गए? अगर परिजनों के आरोप सही साबित होते हैं, तो यह सिर्फ एक हत्या नहीं, बल्कि इंसानियत और पारिवारिक मूल्यों की भी दर्दनाक मौत होगी.

© Copyright @2026 LIDEA. All Rights Reserved.